खतों पर खतों का इंतजार करना, 

आसान नहीं होता फौजियों से प्यार करना.... 

कभी बे-मौसम बारिशों कि तरह आना और तो कभी चले जाना,

कभी होली, 

दिवाली तेरे संग मनाना,

तो कभी बीन अपने चांद के व्रत करना, 

कभी तेरे तस्वीर से बात करना तो कभी याद करना.... 

कभी पल पल तेरे फोन का इंतज़ार करना तो कभी झगड़ना, 

आसान नहीं होता फौजियों से प्यार करना...... 

छुट्टी से छुट्टी तक का इंतजार करना।